Monday, 23 January 2012

गोकुल की नगरी


गोकुल की नगरी

जहाँ ग्वाल बाल की टोलियाँ,
जहाँ छलकती है गोपियों की गगरी,
वो है गोकुल की नगरी l
जहाँ पवित्र नदियाँ जमुना की,
जहाँ ठंडी ठंडी कदम की छांव,
वो है गोकुल का गांव l
जहाँ दूध की धारा बहती है,
जहाँ मिलता है आम, अमरूद और जाम,
वो है गोकुल का ग्राम l
जहाँ ऊँचे ऊँचे पर्वत है,
जहाँ पतली पतली सी है डगर,
वो है गोकुल का नगर l
जहाँ परम के दीवाने सभी,
जहाँ रंग बिरंगे उनके भेष,
वो है गोकुल का देश l

(इन रचनाओ पर आपकी प्रतिक्रिया मेरे लिए मार्गदर्शक बन सकती है, आप की प्रतिक्रिया के इंतजार में l)

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