Friday, 20 January 2012

ये है आज के छात्र


ये है आज के छात्र

    ये है आज के छात्र, ये है आज के छात्र l
               पढ़ना तो है नहीं सिर्फ दिखावे के मात्र ll

जब भी ये पहुचे स्कुल l
नियम अनुशासन गए भूल ll

    बालो को पहले ये संवारते l
    फिर पान और गुटका चबाते ll

रंग बिरंगे कपडे पहनकर स्कुल आते l
यूनिफार्म का वो मजाक उड़ाते ll

    अकसर वो फ़िल्मी गीत है गाते l
    रास्ट्रीय गीत गाने में शरमाते ll

बैठ कुर्सी पर गप लड़ाते l
तांकाझांकी करके लड़कियों को चिढाते ll

     सप्ताह में दो दिन स्कुल आते l
     होमवर्क भी न घर से करके लाते ll

शिक्षक को तरह तरह के बहाने सुनाते l
जब कभी समय पर शिक्षक नहीं आते ll

    जमकर ये शोर मचाते l
    खेलकूद में समय बिताते अपने को सदाचारी बताते ll

छात्रा शिक्षक को, छात्र शिक्षिका को पटाकर,
भेदभाव और असमानता मिटाते,
                                                 तभी तो ये आज के छात्र कहलाते l


(इन रचनाओ पर आपकी प्रतिक्रिया मेरे लिए मार्गदर्शक बन सकती है, आप की प्रतिक्रिया के इंतजार में l)
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